Petroleum Ministry ने स्क्रैप से कमाए ₹49.46 करोड़, लक्ष्य से 20% ज्यादा कमाईPetroleum Ministry Generates ₹49.46 Crore from Scrap Disposal, Exceeds Target by 20%
Petroleum and Natural Gas Ministry और उसके CPSEs ने Special Campaign 6 के तहत 3.42 लाख वर्ग फुट कार्यालयी जगह खाली कराई। स्क्रैप और ई-वेस्ट निपटान से ₹49.46 करोड़ की कमाई हुई, जो ₹41 करोड़ के लक्ष्य से 20.63% अधिक है। पिछले वर्ष के मुकाबले खाली कराई गई जगह में 13.20% की वृद्धि हुई।
भारत के Petroleum and Natural Gas Ministry ने प्रशासनिक दक्षता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। मंत्रालय और उसके केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (CPSEs) ने Special Campaign 6 के तहत 3.42 लाख वर्ग फुट कार्यालयी जगह खाली कराई है। इसके साथ ही, स्क्रैप और इलेक्ट्रॉनिक कचरे (ई-वेस्ट) के निपटान से ₹49.46 करोड़ का राजस्व अर्जित किया गया। यह राशि ₹41 करोड़ के निर्धारित लक्ष्य से 20.63% अधिक है। पिछले वर्ष की तुलना में खाली कराई गई जगह में भी 13.20% की वृद्धि दर्ज की गई है। यह पहल स्वच्छता और संसाधनों के बेहतर उपयोग पर केंद्रित है।
स्क्रैप निपटान से ₹49.46 करोड़ की कमाई
Petroleum and Natural Gas Ministry और उसके केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों ने Special Campaign 6 के तहत स्क्रैप और ई-वेस्ट के निपटान से ₹49.46 करोड़ का राजस्व अर्जित किया है। मंत्रालय ने इसके लिए ₹41 करोड़ का लक्ष्य निर्धारित किया था।
इस तरह अभियान ने अपने राजस्व लक्ष्य का 120.63% हासिल किया। निर्धारित लक्ष्य से अधिक कमाई मंत्रालय और उसके संबंधित संगठनों द्वारा अनुपयोगी सामग्री के निपटान की दिशा में किए गए प्रयासों को दर्शाती है।
मंत्रालय की ओर से बुधवार को जारी बयान में इस उपलब्धि की जानकारी दी गई। अभियान का उद्देश्य केवल राजस्व अर्जित करना नहीं, बल्कि कार्यालयों में जमा अनुपयोगी सामान को हटाकर संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल सुनिश्चित करना भी है।
जगह खाली कराने में 13.20% वृद्धि
Special Campaign 6 के तहत मंत्रालय और उसके CPSEs ने कुल 3.42 लाख वर्ग फुट जगह खाली कराई। पिछले वर्ष यह आंकड़ा 3.03 लाख वर्ग फुट था।
इस प्रकार, पिछले वर्ष की तुलना में खाली कराई गई जगह में 13.20% की वृद्धि दर्ज की गई। यह उपलब्धि कार्यालयों में अनुपयोगी सामान हटाने और उपलब्ध स्थान का अधिक प्रभावी इस्तेमाल करने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
मंत्रालय के अनुसार, अभियान के तहत कार्यालयी जगह के बेहतर उपयोग, रिकॉर्ड प्रबंधन में सुधार और स्क्रैप के निपटान पर जोर दिया जा रहा है। इससे प्रशासनिक कामकाज को अधिक व्यवस्थित बनाने में मदद मिलती है।

स्वच्छता और ई-वेस्ट निपटान पर जोर
Special Campaign 6 का एक प्रमुख उद्देश्य कार्यालयों और प्रतिष्ठानों में स्वच्छता बनाए रखना है। इसके तहत इलेक्ट्रॉनिक कचरे और स्क्रैप का वैज्ञानिक एवं जिम्मेदार तरीके से निपटान करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मंत्रालय ने पर्यावरणीय जिम्मेदारी को ध्यान में रखते हुए अपने संगठनों को ई-वेस्ट के उचित निपटान और कार्यालयों में साफ-सफाई बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित किया है।
इसके अलावा, अभियान में पुराने रिकॉर्ड के बेहतर प्रबंधन और अनुपयोगी सामग्री को हटाने को भी प्राथमिकता दी गई है। इन प्रयासों से कार्यालयों में उपलब्ध जगह का बेहतर उपयोग करने और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक कुशल बनाने में सहायता मिलती है।
मंत्रालय कर रहा है अभियान की निगरानी
Petroleum and Natural Gas Ministry अभियान की प्रगति पर लगातार नजर रख रहा है। मंत्रालय ने अपने संबंधित संगठनों को निर्धारित लक्ष्यों को पूरा करने के लिए प्रयास तेज करने के निर्देश दिए हैं।
इस पहल के अंतर्गत स्वच्छता, रिकॉर्ड प्रबंधन, स्क्रैप निपटान और कार्यालयी जगह के अधिकतम उपयोग जैसे पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है।
मंत्रालय के मुताबिक, Special Campaign 6 प्रशासनिक कामकाज को बेहतर बनाने के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी को भी मजबूत करता है। अब तक के आंकड़े बताते हैं कि मंत्रालय ने पिछले वर्ष के मुकाबले जगह खाली कराने में बेहतर प्रदर्शन किया है और स्क्रैप निपटान से राजस्व जुटाने का लक्ष्य भी पार कर लिया है।
मुख्य बातें एक नजर में
- खाली कराई गई जगह: 3.42 लाख वर्ग फुट
- पिछले वर्ष खाली कराई गई जगह: 3.03 लाख वर्ग फुट
- जगह खाली कराने में वृद्धि: 13.20%
- स्क्रैप और ई-वेस्ट से कमाई: ₹49.46 करोड़
- निर्धारित राजस्व लक्ष्य: ₹41 करोड़
- लक्ष्य से अधिक उपलब्धि: 20.63%
- कुल लक्ष्य प्राप्ति: 120.63%
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